Monday, 14 July 2014

सावन ...२०१४




ये बदरियाँ भी क्यों  बेचैन कर देती हैं 
सावन में दिन में भी  रैन कर देती हैं 
एक कशिश सी है इन मीठी फुहारों में 
ये छींटे यूँ  ही अजब नैन भर देती हैं ..
(चित्र गूगल से साभार )

12 comments:

  1. ब्लॉग बुलेटिन की आज की बुलेटिन, निश्चय कर अपनी जीत करूँ - ब्लॉग बुलेटिन , मे आपकी पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

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  2. आपकी लिखी रचना बुधवार 16 जुलाई 2014 को लिंक की जाएगी...............
    http://nayi-purani-halchal.blogspot.in आप भी आइएगा ....धन्यवाद!

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  3. आपकी लिखी रचना बुधवार 16 जुलाई 2014 को लिंक की जाएगी...............
    http://nayi-purani-halchal.blogspot.in आप भी आइएगा ....धन्यवाद!

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  4. सुन्दर प्रस्तुति- -
    आभार आपका-

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  5. आपकी उत्कृष्ट प्रस्तुति बुधवारीय चर्चा मंच पर ।।

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  6. सुन्दर हैं भाव... एक बार दुबारा पढें, कुछ खटक रहा है!! शुभकामनाएँ!!

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